
विश्वविद्यालय के उन्नत अनुसंधान केंद्र द्वारा पोलेराइजिंग माइक्रोस्कोप कार्यशाला का आयोजन
सागर । डॉ. हरीसिंह गौर विश्वविद्यालय सागर के माननीय प्रभारी कुलपति प्रो. यशवंत सिंह ठाकुर के मार्गदर्शन में, उन्नत अनुसंधान केंद्र (सीएआर) के द्वारा पोलेराइजिंग माइक्रोस्कोप पर एक दिवसीय हैंड्स ऑन प्रशिक्षण का आयोजन किया गया। इस प्रशिक्षण में कुल 16 प्रतिभागियों ने सक्रिय रूप से भाग लिया। उन्नत अनुसंधान केंद्र की मुख्य समन्वयक, प्रो. श्वेता यादव की पहल पर सीएआर में उपलब्ध विभिन्न परिष्कृत उपकरणों पर कार्यशालाओं का आयोजन निरंतर किया जा रहा है। डॉ. विवेक कुमार पांडे (प्रभारी, सीएआर) ने सीएआर के संक्षिप्त परिचय के साथ सत्र की शुरुआत की और ऐसे कार्यक्रमों के महत्व के बारे में प्रतिभागियों को जानकारी दी ।
व्याख्यान सत्र में मुख्य वक्ता डॉ. विवेक प्रकाश मालवीय और डॉ. अदिति शर्मा के द्वारा बताया गया कि पोलेराइजिंग माइक्रोस्कोप एक महत्वपूर्ण कैरेक्टाराइजेशन तकनीक है, जिसका उपयोग खनिजों और चट्टानों का भूवैज्ञानिक विश्लेषण तथा क्रिस्टल, मिश्रधातुओं और फाइबर की सूक्ष्म संरचना की जांच करने के लिए किया जाता है।
हैंड्स ऑन सत्र पोलेराइजिंग माइक्रोस्कोप के हार्डवेयर भाग के संक्षिप्त परिचय के साथ शुरू हुआ। प्रतिभागियों को सैम्पल तैयार करने, उसके विश्लेषण से लेकर डेटा व्याख्या तक की पूरी जानकारी प्रदान की गई। कार्यशाला के दौरान प्रतिभागियों की रुचि के क्षेत्र से संबंधित प्रश्नों पर विचार किया एवं उनकी जिज्ञासाओं का समाधान किया गया। समापन सत्र में प्रतिभागियों से कार्यशाला के बारे में प्रतिक्रियाएं ली गईं।
पोलेराइजिंग माइक्रोस्कोप पर संपूर्ण हैंड्स ऑन सत्र, उन्नत अनुसंधान केंद्र की तकनीकी टीम की देखरेख में आयोजित किया गया।











