
विश्वविद्यालय के भू-विज्ञान विभाग से यूपीएससी संयुक्त भू-विज्ञानी परीक्षा 2025 में छात्रों का चयन
सागर। डॉक्टर हरीसिंह गौर विश्वविद्यालय सागर के व्यावहारिक भूविज्ञान विभाग ने एक बार फिर विश्वविद्यालय का गौरव बढ़ाया है। विभाग के छह प्रतिभाशाली छात्रों ने यूपीएससी संयुक्त भू-विज्ञानी परीक्षा 2025 में शानदार सफलता प्राप्त की है, जिससे पूरे विश्वविद्यालय में हर्ष और गर्व का माहौल है । चयनित छात्रों में ज्योति बिदौल्या, गौरव आर, प्रिया पटेल, शिवेश अहिरवार, शामिल हैं। इनमें ज्योति बिदौल्या ने वैज्ञानिक ‘बी’ (हाइड्रोजियोलॉजी), समूह ‘ए’ में आल इंडिया रैंक (AIR-5) प्राप्त की, जबकि गौरव ने उसी श्रेणी में AIR-6 हासिल की। शिवेश अहिरवार को भूविज्ञानी, समूह ‘ए’ के रूप में AIR-17 तथा प्रिया पटेल को सहायक हाइड्रोजियोलॉजिस्ट, समूह ‘बी’ के रूप में AIR-19 प्राप्त हुई। भरत सिंह लोधी और अंशुल साहू, जो इस विभाग के बीएससी के छात्र रहे हैं, भी चयनित हुए हैं। यह विभाग की मजबूत शैक्षणिक नींव, समर्पित शिक्षकों और विद्यार्थियों की लगन का परिणाम है। इस उपलब्धि ने विभाग की शिक्षण गुणवत्ता और प्रतियोगी परीक्षाओं में छात्रों की बढ़ती सफलता को एक बार फिर उजागर किया है। विभागाध्यक्ष और सभी शिक्षकों ने सफल छात्रों को हार्दिक बधाई देते हुए उनके उज्जवल भविष्य की कामना की। उन्होंने कहा कि यह सफलता न केवल विभाग के लिए गर्व की बात है, बल्कि आने वाले छात्रों के लिए प्रेरणास्रोत भी बनेगी। विभाग निरंतर इस दिशा में प्रयासरत है कि छात्रों को उच्चस्तरीय शिक्षा और अनुसंधान के अवसर मिलें। यह उपलब्धि इस बात का प्रमाण है कि विश्वविद्यालय का व्यावहारिक भूविज्ञान विभाग शिक्षा और अनुसंधान का अग्रणी केंद्र है, जो निरंतर उत्कृष्टता की ओर अग्रसर है।











