कलेक्टर प्रतिभा पाल ने कहा—भक्ति गीत निर्धारित डेसीबल सीमा में ही बजाएं, यातायात बाधित करने वाले पंडालों से बचें
पुलिस अधीक्षक अनुराग सुजानिया बोले—त्योहारों में शांति एवं सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता, असामाजिक तत्वों पर रहेगी नजर
सागर, 09 अक्टूबर 2026।
आगामी नवरात्र, दशहरा एवं महर्षि वाल्मीकि जयंती के त्योहारों को शांतिपूर्ण और सौहार्दपूर्ण वातावरण में संपन्न कराने के लिए सागर जिला प्रशासन ने तैयारियां तेज कर दी हैं। कलेक्टर प्रतिभा पाल की अध्यक्षता में आयोजित जिला स्तरीय शांति समिति की बैठक में सुरक्षा, यातायात, विद्युत व्यवस्था, साफ-सफाई और प्रतिमा विसर्जन सहित विभिन्न व्यवस्थाओं को लेकर आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए।
कलेक्टर प्रतिभा पाल ने स्पष्ट किया कि त्योहारों के दौरान श्रद्धालुओं की सुविधा और सुरक्षा का विशेष ध्यान रखा जाए। शहर में कहीं भी अंधेरे वाले क्षेत्र नहीं रहने चाहिए। स्ट्रीट लाइट दुरुस्त रखने के साथ ही प्रमुख मार्गों पर आवश्यक व्यवस्थाएं समय रहते सुनिश्चित की जाएं।
पूजा पंडालों में CCTV कैमरे लगाना होगा जरूरी
कलेक्टर ने निर्देश दिए कि देवी प्रतिमाओं के पंडाल सड़कों पर इस तरह स्थापित न किए जाएं, जिससे यातायात और आम लोगों का आवागमन प्रभावित हो। प्रतिमा स्थापना में मिट्टी से बनी प्रतिमाओं को प्राथमिकता देने की बात भी कही गई।
प्रत्येक पूजा पंडाल और आयोजन स्थल पर आयोजक का नाम एवं मोबाइल नंबर प्रदर्शित करने के लिए फ्लेक्स लगाने तथा निगरानी के लिए CCTV कैमरे स्थापित करने के निर्देश दिए गए। गरबा, आर्केस्ट्रा और अन्य सार्वजनिक आयोजनों के लिए नियमानुसार अनुमति लेना अनिवार्य रहेगा। ध्वनि विस्तारक यंत्रों पर भक्ति गीत निर्धारित डेसीबल सीमा के भीतर ही बजाने के निर्देश भी दिए गए।
प्रतिमा विसर्जन में सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम
प्रतिमा विसर्जन और चल समारोह के दौरान सुरक्षा व्यवस्था मजबूत रखने पर जोर दिया गया। विसर्जन स्थलों एवं अस्थायी कुंडों पर पर्याप्त संख्या में स्वयंसेवकों की तैनाती सुनिश्चित करने और छोटे बच्चों की सुरक्षा पर विशेष ध्यान देने के निर्देश दिए गए।
विद्युत विभाग को चल समारोह से पहले सड़कों पर झूल रहे बिजली के तारों को व्यवस्थित करने तथा नगर पालिका को प्रमुख मार्गों पर साफ-सफाई सुनिश्चित करने के लिए कहा गया। इसके अलावा थाना और अनुभाग स्तर पर शांति समिति की बैठकें आयोजित कर पूजा समितियों एवं आयोजकों के साथ लगातार समन्वय बनाए रखने के निर्देश दिए गए।
असामाजिक तत्वों पर रहेगी पुलिस की नजर
पुलिस अधीक्षक अनुराग सुजानिया ने कहा कि त्योहारों के दौरान शांति एवं सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता है। असामाजिक तत्वों की गतिविधियों पर लगातार निगरानी रखी जाएगी, ताकि सभी त्योहार शांतिपूर्ण माहौल में संपन्न हो सकें।
उन्होंने प्रतिमा विसर्जन के दौरान विशेष सावधानी बरतने की आवश्यकता बताते हुए अस्थायी कुंडों पर प्रशिक्षित तैराकों की तैनाती और लाइफ जैकेट की व्यवस्था सुनिश्चित करने पर जोर दिया।
शांति समिति के सदस्यों ने दिए सुझाव
बैठक में शांति समिति के सदस्यों ने चल समारोह में शामिल आयोजकों की पहचान सुनिश्चित करने के लिए पहचान पत्र सहित अन्य सुरक्षा व्यवस्थाओं को लेकर सुझाव रखे। प्रशासन ने त्योहारों के दौरान संबंधित विभागों को आपसी समन्वय के साथ जिम्मेदारियों का निर्वहन करने पर जोर दिया।
बैठक में अपर कलेक्टर अविनाश रावत, सिटी मजिस्ट्रेट, जनप्रतिनिधि, पूजा समितियों के प्रतिनिधि, शांति समिति के सदस्य तथा विभिन्न विभागों के अधिकारी-कर्मचारी उपस्थित रहे।
अपील: जिला प्रशासन ने नागरिकों एवं आयोजन समितियों से नवरात्र, दशहरा और महर्षि वाल्मीकि जयंती को आपसी भाईचारे, शांति और सौहार्द के साथ मनाने तथा सुरक्षा संबंधी निर्देशों का पालन करने की अपील की।







