
विश्वविद्यालय: स्वयंसेवकों ने किया मार्गदर्शन, लगाई हेल्प डेस्क
सागर। डॉ. हरीसिंह गौर विश्वविद्यालय, सागर में 10 से 12 अगस्त 2026 तक आयोजित यूजी एवं एनसीईटी-आईटीईपी काउंसलिंग के दौरान राष्ट्रीय सेवा योजना (एनएसएस) के स्वयंसेवकों ने विद्यार्थियों एवं उनके अभिभावकों की सहायता करते हुए उल्लेखनीय योगदान दिया जा रहा है।
आईटीईपी के माध्यमिक स्तर एवं मध्य स्तर सहित विभिन्न पाठ्यक्रमों तथा बी.एससी. एवं बी.ए. की काउंसलिंग प्रक्रिया को सुचारू एवं व्यवस्थित बनाने में स्वयंसेवकों ने सक्रिय भूमिका निभाई। विश्वविद्यालय परिसर के विभिन्न स्थानों, जिनमें स्वर्ण जयंती हॉल, आचार्य शंकर भवन, महर्षि कणाद भवन, शिक्षा विभाग, गौर मूर्ति, भौतिकी विभाग एवं समता पार्क प्रमुख आदि में स्वयंसेवकों ने हेल्प डेस्क लगाकर नव आगंतुक विद्यार्थियों का मार्गदर्शन किया। इन सभी स्थानों पर राष्ट्रीय सेवा योजना के स्वयंसेवकों ने निर्धारित पालियों में अपनी जिम्मेदारियों का पूरी निष्ठा एवं समर्पण के साथ निर्वहन किया।
उन्होंने काउंसलिंग के लिए देश के विभिन्न भागों से आए विद्यार्थियों और उनके अभिभावकों को आवश्यक जानकारी उपलब्ध कराने, संबंधित विभागों एवं काउंसलिंग केंद्रों तक पहुँचने तथा प्रवेश प्रक्रिया को समझने में आवश्यक सहयोग एवं मार्गदर्शन प्रदान किया। इस सेवा कार्य में स्वयंसेवकों ने पूरे उत्साह, अनुशासन, समर्पण एवं टीम भावना के साथ सहभागिता की। श्रेया श्रीवास्तव, ओजस्वी, आदर्श वर्मा, हिमांशु गुप्ता, ब्रजेश, शिवांशु, दुष्यंत, प्रवर, मनीषा, सनी, मृदुल, देवांशु, अर्पिता, मानसी, नम्रता, समर, अंकित, चारु, ध्रुव एवं अंबर सहित सभी स्वयंसेवकों ने अपनी निर्धारित जिम्मेदारियों का सफलतापूर्वक निर्वहन किया।
एनएसएस स्वयंसेवकों का यह प्रयास सेवा, सहयोग, अनुशासन एवं सामाजिक उत्तरदायित्व की भावना का उत्कृष्ट उदाहरण है। तीन दिवसीय काउंसलिंग कार्यक्रम को सफल, सुगम एवं व्यवस्थित बनाने में सभी स्वयंसेवकों का योगदान अत्यंत सराहनीय एवं प्रशंसनीय है। सेवा योजना के प्रभारी डॉ. संजय शर्मा और छात्र कल्याण अधिष्ठाता प्रो. डी. के. नेमा के मार्गदर्शन में संपूर्ण गतिविधियां आयोजित की जा रही है।











