
मध्यप्रदेश भोपाल विशेष संवाददाता राजकुमार दुबे
फिल्मी अंदाज में पुलिस का ऑपरेशन! मुंबई में हत्यारे की तलाश… थाना प्रभारी बने पंचर बनाने वाले
टायर में हवा भरवाने आया संदिग्ध और पुलिस के हत्थे चढ़ गया!
सीधी | कोतवाली थाना
अपराधी ये न समझें कि पुलिस फिल्में नहीं देखती…!
सीधी कोतवाली थाना प्रभारी दिव्य प्रकाश त्रिपाठी ने एक हत्या के आरोपी को पकड़ने के लिए ऐसा तरीका अपनाया, जिसने पूरे पुलिस महकमे में चर्चा पैदा कर दी।
पुलिस के अनुसार, सितंबर 2025 में प्रधान आरक्षक की पत्नी की हत्या के मामले में आरोपी घटना के बाद मुंबई फरार हो गया था। लंबे समय से उसकी तलाश की जा रही थी, लेकिन पुलिस के हाथ कोई ठोस सुराग नहीं लग पा रहा था।
आखिरकार थाना प्रभारी दिव्य प्रकाश त्रिपाठी ने आरोपी की तलाश में मुंबई पहुंचकर बेहद अलग रणनीति अपनाई।
टायर की दुकान में काम करने लगे…
कहीं पंचर बनाया, तो कहीं वाहनों में हवा भरते नजर आए। मकसद सिर्फ एक था—हत्यारे तक पहुंचना।
फिर आया वह पल…
👉 संदिग्ध भी अपनी गाड़ी के टायर में हवा भरवाने उसी दुकान पर पहुंचा।
👉 पुलिस पहले से तैयार थी।
👉 मौका मिलते ही संदिग्ध को पकड़ लिया गया।
जिस कहानी में अपराधी खुद को पुलिस की नजरों से दूर समझ रहा था, वहीं पुलिस ने फिल्मी अंदाज में उसकी कहानी का अंत कर दिया।
थाना प्रभारी दिव्य प्रकाश त्रिपाठी की इस कार्रवाई की पुलिस अधिकारियों ने सराहना की है। पुलिस अधीक्षक संतोष कोरी सहित वरिष्ठ अधिकारियों ने इस सफलता के लिए टीम को बधाई दी।
एक परिवार को लंबे इंतजार के बाद न्याय की उम्मीद…
करीब एक साल से अधिक समय से लंबित इस मामले में आरोपी की गिरफ्तारी ने पीड़ित परिवार के लिए न्याय की उम्मीद फिर मजबूत कर दी है।
सीधी पुलिस का संदेश साफ है—अपराधी कितना भी दूर भाग जाए, कानून की पहुंच से बाहर नहीं है।
और हां… अपराधियों को ये गलतफहमी बिल्कुल नहीं होनी चाहिए कि पुलिस फिल्में नहीं देखती!










