
विधायक प्रदीप लारिया की पहल से 2011 में शुरू हुआ विजयादशमी महोत्सव 16वें वर्ष में भी बना आकर्षण का केंद्र, सांस्कृतिक प्रस्तुतियों और भव्य आतिशबाजी ने मोहा मन
सागर/मकरोनिया। भारतीय संस्कृति, आस्था और उल्लास के प्रतीक विजयादशमी पर्व पर मकरोनिया के रजाखेड़ी बजरिया स्थित दशहरा मैदान में भव्य विजयादशमी महोत्सव का आयोजन किया गया। मंगलवार को आयोजित इस समारोह में 51 फीट ऊंचे रावण के पुतले का दहन किया गया। इस दौरान भगवान श्रीराम के जयकारों से पूरा मैदान गूंज उठा। भव्य आतिशबाजी और आकर्षक सांस्कृतिक प्रस्तुतियों ने हजारों लोगों का मन मोह लिया। आयोजन में करीब दस हजार लोगों की सहभागिता रही।
नरयावली विधायक इंजी. प्रदीप लारिया की पहल पर वर्ष 2011 में शुरू हुआ यह विजयादशमी महोत्सव अपने 16वें वर्ष में भी जन-आस्था और सांस्कृतिक परंपराओं का प्रमुख केंद्र बना रहा। रजाखेड़ी बजरिया का दशहरा महोत्सव सागर क्षेत्र के प्रमुख आयोजनों में अपनी विशिष्ट पहचान रखता है।
सांस्कृतिक प्रस्तुतियों ने बांधा समां
कार्यक्रम की अध्यक्षता विधायक इंजी. प्रदीप लारिया ने की, जबकि नगर पालिका परिषद मकरोनिया के अध्यक्ष मिहीलाल अहिरवार विशिष्ट अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। दीप प्रज्ज्वलन और श्रीराम दरबार के पूजन के साथ कार्यक्रम का शुभारंभ हुआ।
महोत्सव में गणेश वंदना, श्रीकृष्ण रासलीला, फूलों की होली, शंकर-अघोरी, दुर्गा-काली द्वारा महिषासुर वध तथा श्रीराम दरबार के अंतर्गत राम-रावण युद्ध की आकर्षक प्रस्तुतियां दी गईं। विभिन्न सांस्कृतिक कार्यक्रमों ने भारतीय पौराणिक परंपराओं और धार्मिक आस्था को जीवंत कर दिया। प्रस्तुतियों के दौरान दर्शक मंत्रमुग्ध नजर आए और पूरा वातावरण भक्तिमय बना रहा।
विजयादशमी हमें बुराइयों के त्याग का संदेश देती है: प्रदीप लारिया
विधायक इंजी. प्रदीप लारिया ने विजयादशमी के महत्व पर प्रकाश डालते हुए कहा कि दशहरा केवल रावण के पुतले का दहन करने का पर्व नहीं है, बल्कि यह अपने भीतर मौजूद अहंकार, क्रोध, लोभ, अन्याय और नकारात्मक प्रवृत्तियों को समाप्त करने का संकल्प लेने का अवसर है।
उन्होंने कहा कि भगवान श्रीराम का जीवन सत्य, धर्म, मर्यादा, कर्तव्य और लोककल्याण के मार्ग पर चलने की प्रेरणा देता है। भारतीय संस्कृति की वास्तविक शक्ति उसके संस्कारों, परिवार व्यवस्था, सामाजिक समरसता और नैतिक मूल्यों में निहित है। त्योहार नई पीढ़ी को अपनी परंपराओं से जोड़ने के साथ समाज में सद्भाव और एकता को मजबूत करने का माध्यम हैं।
विधायक ने सभी से भगवान श्रीराम के आदर्शों को अपने जीवन में आत्मसात करने तथा समाज और राष्ट्र के प्रति अपने दायित्वों का निष्ठापूर्वक निर्वहन करने का आह्वान किया। नगर पालिका अध्यक्ष मिहीलाल अहिरवार की उपस्थिति ने कार्यक्रम की गरिमा बढ़ाई।
रावण दहन के साथ आसमान में बिखरी आतिशबाजी की रोशनी
सांस्कृतिक कार्यक्रमों के समापन के बाद श्रीराम दरबार का पूजन और विधिवत पूजा-अर्चना की गई। इसके पश्चात विजयादशमी के मुख्य आकर्षण 51 फीट ऊंचे रावण के पुतले का दहन किया गया। रावण दहन होते ही मैदान जय श्रीराम के उद्घोष से गूंज उठा। आसमान में हुई भव्य आतिशबाजी ने पूरे दशहरा मैदान को रोशनी से जगमगा दिया।
बड़ी संख्या में मौजूद लोगों ने उत्साह के साथ इस आयोजन का आनंद लिया। महोत्सव ने बुराई पर अच्छाई, असत्य पर सत्य और अधर्म पर धर्म की विजय का संदेश दिया।
जनप्रतिनिधियों और गणमान्य नागरिकों की रही उपस्थिति
महोत्सव में प्रभुदयाल कुशवाहा, अध्यक्ष कुश कल्याण बोर्ड, जिला महामंत्री चैन सिंह, संघ संचालक डॉ. जीएस चौबे, केशव गिरी महाराज, नगर पालिका अध्यक्ष मिहीलाल अहिरवार, ब्रह्माकुमारी आश्रम की छाया दीदी, आफीसर यादव, जयंती मौर्य, कपिल कुशवाहा, मंडल अध्यक्ष अंकित तिवारी, अशोक सिंह पड़रिया, सौरभ केशरवानी, अरविंद घोषी, सोहन लोधी, वर्षा विश्वकर्मा सहित पार्षदगण, एल्डरमैन, भाजपा जिला पदाधिकारी, कार्यकर्ता, जनप्रतिनिधि, वरिष्ठजन और बड़ी संख्या में क्षेत्रवासी मौजूद रहे।
आस्था, संस्कृति और सामूहिक सहभागिता से सजे इस विजयादशमी महोत्सव ने मकरोनिया सहित आसपास के क्षेत्र में उत्सव का माहौल बनाया। आयोजन के माध्यम से भारतीय सांस्कृतिक मूल्यों, सामाजिक एकता और भगवान श्रीराम के आदर्शों का संदेश जन-जन तक पहुंचा।







