सुरखी सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र के औचक निरीक्षण में ओपीडी, दवा स्टॉक, पैथोलॉजी लैब और प्रसव कक्ष की व्यवस्थाएं परखी
सागर। मुख्यमंत्री जन विश्वास अभियान के अंतर्गत स्वास्थ्य सेवाओं की जमीनी स्थिति परखने के उद्देश्य से कलेक्टर प्रतिभा पाल ने सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र सुरखी का औचक निरीक्षण किया। उन्होंने ओपीडी, मुख्य दवा स्टोर, पैथोलॉजी लैब, प्रसव कक्ष, पीएनसी वार्ड और वैक्सीनेशन कक्ष सहित विभिन्न अनुभागों का बारीकी से जायजा लिया और स्वास्थ्य अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।
दवा स्टॉक का शत-प्रतिशत मिलान करने के निर्देश
कलेक्टर ने मुख्य दवा स्टोर का निरीक्षण करते हुए दवा वितरण एवं स्टॉक संचालन की जानकारी ली। उन्होंने निर्देश दिए कि कंप्यूटर पोर्टल पर दर्ज दवाओं के स्टॉक और स्टोर में उपलब्ध दवाओं का शत-प्रतिशत भौतिक मिलान होना चाहिए। उन्होंने पैथोलॉजी लैब में जांच प्रक्रियाओं की समीक्षा करते हुए मरीजों को निर्धारित समय-सीमा में रिपोर्ट उपलब्ध कराने के निर्देश दिए, ताकि उपचार में अनावश्यक विलंब न हो।
कलेक्टर ने कैश बैंक मैपिंग के फॉलोअप तथा फोकल पॉइंट कक्ष में जीवन रक्षक एंटीवेनम सहित उपलब्ध स्वास्थ्य सुविधाओं के व्यापक प्रचार-प्रसार पर भी जोर दिया।
प्रसूताओं से सीधे लिया स्वास्थ्य सेवाओं का फीडबैक
पीएनसी वार्ड और प्रसव कक्ष के निरीक्षण के दौरान कलेक्टर ने भर्ती प्रसूताओं एवं उनके परिजनों से सीधे संवाद किया। उन्होंने स्वास्थ्य केंद्र पहुंचने, रेफरल प्रक्रिया और उपचार की गुणवत्ता को लेकर फीडबैक लिया।
हाईरिस्क प्रेग्नेंसी की लगातार होगी मॉनिटरिंग
कलेक्टर ने हाईरिस्क प्रेग्नेंसी के मामलों की समीक्षा करते हुए नर्सिंग स्टाफ एवं स्वास्थ्य अधिकारियों से जानकारी ली। उन्होंने बीएमओ को निर्देशित किया कि क्षेत्र में चिन्हांकित प्रत्येक हाईरिस्क प्रेग्नेंसी केस की निरंतर निगरानी की जाए।
उन्होंने कहा कि एचआरपी गर्भवती महिलाओं को समय रहते स्वास्थ्य केंद्र तक पहुंचाया जाए और उपचार के बाद केस का विधिवत एवं समयबद्ध क्लोजर सुनिश्चित हो। हाईरिस्क प्रेग्नेंसी का एक भी मामला निगरानी से छूटना नहीं चाहिए, ताकि मातृ एवं शिशु मृत्यु दर को न्यूनतम किया जा सके।
कलेक्टर ने डॉक्टरों, नर्सिंग स्टाफ एवं कर्मचारियों को निर्देश दिए कि शासन की जनकल्याणकारी स्वास्थ्य योजनाओं का लाभ प्रत्येक पात्र हितग्राही तक पारदर्शी और त्वरित रूप से पहुंचाया जाए।
निरीक्षण के दौरान एसडीएम रोहित वर्मा, मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. देवेश पटेरिया सहित अस्पताल के वरिष्ठ चिकित्सक एवं स्वास्थ्य अमला उपस्थित रहा।







