
शौर्य संकल्प प्रशिक्षण योजना 2026 का शुभारंभ, 200 युवाओं को मिलेगी सेना-पुलिस भर्ती की निशुल्क तैयारी
सागर। मध्य प्रदेश शासन के पिछड़ा वर्ग तथा अल्पसंख्यक कल्याण विभाग द्वारा संचालित शौर्य संकल्प प्रशिक्षण योजना 2026 का शुभारंभ रविन्द्र भवन सभागार में आयोजित कार्यक्रम के दौरान किया गया। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में विधायक शैलेंद्र कुमार जैन तथा विशिष्ट अतिथि भाजपा जिलाध्यक्ष श्याम तिवारी उपस्थित रहे।
योजना के अंतर्गत सागर संभाग के 100 छात्र एवं 100 छात्राओं को 45 दिवसीय विशेष प्रशिक्षण प्रदान किया जाएगा। प्रशिक्षण में सेना, पुलिस सहित विभिन्न प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कराई जाएगी। विद्यार्थियों को प्रतिदिन सुबह 3 घंटे एवं शाम 3 घंटे फिजिकल एवं अकादमिक प्रशिक्षण दिया जाएगा। साथ ही लिखित परीक्षा की तैयारी के लिए विभिन्न निजी कोचिंग संस्थानों द्वारा भी अपनी सेवाएं देने का निर्णय लिया गया है।
कार्यक्रम में डिप्टी कलेक्टर रजत सोनी, जिला खेल अधिकारी प्रदीप अविद्रा एवं पूर्व सैनिक कल्याण बोर्ड के अधिकारी यू पी एस भदौरिया ने संबोधित करते हुए योजना की विस्तृत रूपरेखा प्रस्तुत की।
मुख्य अतिथि विधायक शैलेंद्र कुमार जैन ने अपने संबोधन में मुख्यमंत्री को इस अभिनव योजना की शुरुआत के लिए बधाई देते हुए पूर्व सैनिकों एवं प्रशिक्षकों का आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि बच्चों को बेहतर फिजिकल ट्रेनिंग उपलब्ध कराई जाएगी और किसी भी प्रकार की कमी नहीं आने दी जाएगी। उन्होंने कहा कि स्वस्थ शरीर से ही बेहतर जीवन का निर्माण संभव है। प्रधानमंत्री एवं मुख्यमंत्री की मंशा है कि आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग के प्रतिभाशाली युवाओं को संसाधनों के अभाव में अवसरों से वंचित न होना पड़े।
विधायक जैन ने कहा कि सरकार युवाओं को सुव्यवस्थित प्रशिक्षण उपलब्ध कराने के लिए संकल्पित है और सभी प्रशिक्षकों एवं शिक्षकों की सेवाएं सराहनीय हैं।
भाजपा जिलाध्यक्ष श्याम तिवारी ने कहा कि सरकार युवाओं को चिन्हित कर उन्हें प्रतियोगी परीक्षाओं के लिए मानसिक एवं शारीरिक रूप से तैयार करने का सराहनीय कार्य कर रही है। इस योजना से युवाओं को बेहतर मार्गदर्शन और अवसर प्राप्त होंगे, जिससे उनके चयन की संभावनाएं बढ़ेंगी।
कार्यक्रम का संचालन श्रीमती रचना तिवारी ने किया, जबकि आभार प्रदर्शन डिप्टी कलेक्टर विजय डेहरिया ने व्यक्त किया। इस अवसर पर जिला सैनिक कल्याण विभाग के पूर्व सैनिक, खेल विभाग के प्रशिक्षक एवं विभिन्न निजी कोचिंग संस्थानों के संचालक सहित बड़ी संख्या में बच्चे उपस्थित रहे।











