
बदलते डिजिटल दौर में युवाओं को पारंपरिक पत्रकारिता के साथ कृत्रिम बुद्धिमत्ता और आधुनिक संचार तकनीकों से लैस करना ही हमारा मुख्य ध्येय है।”
— डॉ. सरोज गुप्ता (प्राचार्य)
शासकीय कला एवं वाणिज्य महाविद्यालय में ‘पीएम उषा’ योजनांतर्गत विशेष पत्रकारिता कार्यशाला का आयोजन
विशेषज्ञों ने समाचार लेखन, एंकरिंग, रिपोर्टिंग से लेकर एआई (AI) और आधुनिक मीडिया तकनीकों के दिए व्यावहारिक गुर
सागर। पंडित दीनदयाल उपाध्याय शासकीय कला एवं वाणिज्य (अग्रणी) महाविद्यालय, सागर में ‘पीएम उषा’ (PM-USHA) योजना के अंतर्गत हिंदी विभाग द्वारा आयोजित 15 दिवसीय पत्रकारिता प्रशिक्षण कार्यशाला के तहत चार दिवसीय विशेष व्याख्यानमाला का सफलता पूर्वक आयोजन किया गया। यह आयोजन महाविद्यालय की प्राचार्य डॉ. सरोज गुप्ता के संरक्षण व मार्गदर्शन, पीएम उषा प्रभारी डॉ. इमराना सिद्दीकी के नेतृत्व एवं हिंदी विभाग के समन्वयक डॉ. राना कुंजर सिंह के संचालन में संपन्न हुआ।
व्याख्यानमाला के प्रथम दिवस (07 सितंबर) इंक मीडिया संस्थान के निदेशक डॉ. आशीष द्विवेदी ने ‘समाचार लेखन: कला और तकनीक’ विषय पर विद्यार्थियों को संबोधित किया। उन्होंने समाचार लेखन के मूलभूत सिद्धांतों, समाचार की संरचना, भाषा-शैली तथा आधुनिक तकनीकों की भूमिका पर प्रकाश डालते हुए विद्यार्थियों को तथ्यपरक, संतुलित व प्रभावी समाचार लेखन के विभिन्न पहलुओं से परिचित कराया।
द्वितीय दिवस (08 सितंबर) गौर विश्वविद्यालय के ईएमआरसी निदेशक डॉ. पंकज तिवारी ने ‘एंकरिंग और बोलने की कला’ विषय पर व्याख्यान दिया। उन्होंने कहा कि एक सफल एंकर बनने के लिए भाषा पर अधिकार के साथ-साथ सही उच्चारण, प्रस्तुति कौशल, आत्मविश्वास, आवाज के उतार-चढ़ाव और विषय की स्पष्ट समझ होना अनिवार्य है। उन्होंने विद्यार्थियों को एंकरिंग के व्यावहारिक पक्षों से भी अवगत कराया।
तृतीय दिवस (09 सितंबर) वरिष्ठ पत्रकार डॉ. राकेश शर्मा ने ‘न्यूज रिपोर्टिंग एवं इंटरव्यू’ विषय पर अपने विचार रखे। उन्होंने समाचार संकलन, घटनास्थल से रिपोर्टिंग, तथ्य-जांच, स्रोतों की विश्वसनीयता तथा प्रभावी साक्षात्कार की तकनीकों पर विस्तार से चर्चा की। उन्होंने कहा कि वर्तमान समय ‘सिटिजन जर्नलिज्म’ का भी दौर है, जिसने सूचनाओं के आदान-प्रदान को नया आयाम दिया है। उन्होंने विद्यार्थियों को निष्पक्षता और तथ्यपरकता का महत्व समझाया।
व्याख्यानमाला के चतुर्थ दिवस (10 सितंबर) पत्रिका समाचार की संवाददाता डॉ. रेशु जैन ने ‘AI एवं नई तकनीक: पत्रकारिता में उपयोग’ विषय पर व्याख्यान प्रस्तुत किया। उन्होंने पत्रकारिता में कृत्रिम बुद्धिमत्ता (AI) के बढ़ते प्रभाव पर प्रकाश डालते हुए बताया कि नई तकनीकें समाचार संकलन, शोध, तथ्य-जांच और कंटेंट निर्माण को अधिक प्रभावी और तेज बना रही हैं। साथ ही उन्होंने विद्यार्थियों को तकनीक के जिम्मेदार एवं विवेकपूर्ण उपयोग के प्रति जागरूक किया।
महाविद्यालय की प्राचार्य डॉ. सरोज गुप्ता ने अपने संदेश में कहा कि बदलते डिजिटल दौर में युवाओं को पारंपरिक पत्रकारिता के साथ-साथ कृत्रिम बुद्धिमत्ता और आधुनिक संचार तकनीकों से लैस करना ही हमारा मुख्य ध्येय है। मीडिया प्रभारी डॉ. संदीप सबलोक ने बताया कि प्राचार्य डॉ. गुप्ता के कुशल निर्देशन में यह प्रशिक्षण कार्यक्रम 5 से 25 सितंबर 2026 तक निरंतर जारी रहेगा, जिसमें आगामी दिनों में भी विशेषज्ञ वक्ताओं द्वारा विद्यार्थियों के लिए विभिन्न प्रयोगात्मक सत्र आयोजित किए जाएंगे।











