
सागर, 29 सितंबर 2026। जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, सागर द्वारा मंगलवार को जिला न्यायालय परिसर में “अनुगूंज से उद्घोष” के अंतर्गत विशेष विधिक साक्षरता एवं प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किया गया। शिविर में 80 दिव्यांगजन एवं उनके परिजन शामिल हुए।
कार्यक्रम का आयोजन मध्यप्रदेश राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण, जबलपुर के निर्देशानुसार ऑनलाइन माध्यम से किया गया। इसमें श्रवण एवं वाक बाधित दिव्यांगजनों को न्यायाधीश अधिनियम, 215 एवं दिव्यांग अधिकार अधिनियम 2016 के तहत अधिकारों, कानूनी सहायता हेल्पलाइन तथा उपलब्ध सरकारी योजनाओं की जानकारी दी गई।
शिविर में बच्चों के अधिकार, उनकी रुचियों की पहचान, नृत्य एवं कला के प्रशिक्षण, रोजगार मार्गदर्शन और भविष्य की तैयारी जैसे विषयों पर भी चर्चा की गई। साथ ही बाल विवाह की रोकथाम, बच्चों के खिलाफ हिंसा एवं शोषण से बचाव तथा साइबर अपराधों से संबंधित जागरूकता भी दी गई।
कार्यक्रम में मध्यप्रदेश उच्च न्यायालय, जबलपुर के माननीय न्यायमूर्तियों तथा मध्यप्रदेश राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण के अधिकारियों द्वारा दिव्यांगजनों के हित में संचालित विभिन्न कानूनी एवं सहायता योजनाओं की जानकारी साझा की गई।
सागर में आयोजित कार्यक्रम में प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश महेश कुमार शर्मा, जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के सचिव अंकित श्रीवास्तव सहित संबंधित विभागों के अधिकारी एवं शिक्षक उपस्थित रहे।
जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की ओर से बताया गया कि ऐसे कार्यक्रमों का उद्देश्य दिव्यांगजनों को निःशुल्क विधिक सहायता, विभिन्न योजनाओं की जानकारी और न्याय तक समान पहुंच उपलब्ध कराना है।







