
पुलिस ने भटके 10 वर्षीय बालक को परिजनों से मिलाया
सागर, 7 जून 2026। शाहगढ़ पुलिस ने संवेदनशीलता और तत्परता का परिचय देते हुए एक भटके हुए 10 वर्षीय बालक को सकुशल उसके परिजनों से मिलाकर सराहनीय कार्य किया है।
जानकारी के अनुसार 6 जून को शाम करीब 4 बजे डायल-112 को सूचना मिली कि ग्राम नारवा क्षेत्र में एक बालक अकेला और परेशान अवस्था में घूम रहा है। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और बालक को सुरक्षित संरक्षण में लिया।
पूछताछ में बालक की पहचान अंकित विश्वकर्मा (10 वर्ष), पिता ग्यासी विश्वकर्मा, निवासी ग्राम बमनौरा, जिला छतरपुर के रूप में हुई। बालक अपने परिजनों से बिछड़ गया था और घर का सही पता बताने में असमर्थ था।
सीडीओपी बंडा श्री प्रदीप वाल्मीकि के निर्देशन में शाहगढ़ पुलिस ने कंट्रोल रूम, सोशल मीडिया, व्हाट्सएप ग्रुपों, मीडिया प्रतिनिधियों और आसपास के गांवों के सहयोग से बालक के परिजनों की तलाश शुरू की। लगातार प्रयासों के बाद पुलिस ने बालक के परिवार का पता लगाकर आवश्यक सत्यापन के उपरांत उसे सकुशल परिजनों के सुपुर्द कर दिया।
अपने बच्चे को सुरक्षित पाकर परिजनों ने शाहगढ़ पुलिस और डायल-112 टीम का आभार व्यक्त किया।
इस कार्य में थाना प्रभारी शाहगढ़ संदीप खरे, कंट्रोल रूम प्रभारी आर.के.एस. चौहान, प्रधान आरक्षक धर्मेन्द्र चौबे, आरक्षक दिनेश, लखन, उमाशंकर, अरविंद, दुर्गेश तथा सैनिक राजाराम की महत्वपूर्ण भूमिका रही।
पुलिस की यह कार्रवाई जनसेवा, संवेदनशीलता और मानवीय मूल्यों के प्रति उसकी प्रतिबद्धता का उत्कृष्ट उदाहरण मानी जा रही है।











